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Corona in Uttarakhand: 24 घंटे में 83 लोग कोरोना संक्रमित, देहरादून जिले की सीमाओं पर होगी रैंडम सैंपलिंग

प्रतीकात्मक
प्रतीकात्मक

 उत्तराखंड में बीते 24 घंटे में 83 लोग कोरोना संक्रमित मिले हैं। लगातार पांचवें दिन एक भी संक्रमित मरीज की मौत नहीं हुई। कुल संक्रमितों की संख्या 98311 हो गई है।



प्रदेश में नए संक्रमित मामलों की तुलना में ठीक होने वालों की संख्या कम हैं। आज 50 मरीजों को ठीक होने के बाद डिस्चार्ज किया गया। इन्हें मिला कर 94430 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। वर्तमान में 756 सक्रिय मरीजों का इलाज चल रहा है। अब तक कुल 1704 मौतें हो चुकी हैं।



देहरादून जिले की सीमाओं पर होगी रैंडम सैंपलिंग

 

वहीं देहरादून जिले की सीमाओं पर भी अब रैंडम सैंपलिंग की जाएगी। वहीं जिन राज्यों में कोरोना संक्रमण फैल रहा है उन्हें लेकर खास एहतियात बरती जाएगी। यह कहना है जिलाधिकारी डा. आशीष श्रीवास्तव का। शनिवार को इस संबंध में जिलाधिकारी ने जिले के सभी अधिकारियों के साथ बैठक की।


ऊधमसिंह नगर जिले की सीमाओं, औद्योगिक क्षेत्रों में रैंडम सैंपलिंग बढ़ाएं : डीएम


दूसरे प्रदेशों में कोविड-19 संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए डीएम रंजना राजगुरु ने कलक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि दूसरे प्रदेशों में बढ़ते मामलों को देखते हुए अधिकारी पूर्व की भांति अपनी तैयारियां दुरुस्त रखें। स्वास्थ्य विभाग की टीम जिले की सीमाओं, औद्योगिक क्षेत्र और बस्तियों में रेंडम सैंपलिंग/जांच बढ़ाए। ऐसी जगहों पर विशेष ध्यान दें, जहां पर कोविड-19 संक्रमण बढ़ने की आशंका अधिक है। 

टीकाकरण के साथ कोरोना ने भी पकड़ी रफ्तार

रुड़की क्षेत्र में कोरोना वैक्सीन के टीकाकरण के साथ ही कोरोना संक्रमण ने भी रफ्तार पकड़नी शुरू कर दी है। एक ओर टीकाकरण करवाने वाले लोगों की तादात बढ़ती जा रही है। वहीं मरीजों की संख्या भी बढ़नी शुरू हो गई है। इस समय रुड़की तहसील क्षेत्र में 34 केंद्रों पर टीकाकरण किया जा रहा है।


कोरोना वैक्सीनेशन का तीसरा अभियान चल रहा है। शुरू में सिविल अस्पताल के अलावा तीन अन्य केंद्र टीकाकरण के लिए बनाए गए थे। इसके बाद बढ़ती भीड़ को देखते हुए वैक्सीनेशन सेंटरों की संख्या बढ़ाई गई। इसमें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, तहसील, नगर निगम के अलावा निजी अस्पतालों को भी वैक्सीनेशन के लिए अनुमति दी गई।


वर्तमान में रुड़की तहसील क्षेत्र में 34 वैक्सीनेशन सेंटर हैं। इनमें तीन निजी अस्पताल भी शामिल हैं। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संजय कंसल ने बताया कि रुड़की शहर में 10 सरकारी और दो निजी टीकाकरण केंद्र हो गए हैं। कोरोना वैक्सीन लगवाने वालों की संख्या भी धीरे-धीरे बढ़ने लगी है। वहीं कोरोना के मरीजों की संख्या भी बढ़ रही है, जो बेहद चिंताजनक स्थिति है।


ढील मिली तो लोग बरत रहे लापरवाही


 बीते साल 25 मार्च को पूरे देश में लॉकडाउन लगा दिया गया था। कुछ महीनों बाद धीरे-धीरे लॉकडाउन में छूट दी गई। ढील मिलने पर पुलिस-प्रशासन ने सख्ती कम कर दी। अब कोरोना की दूसरी लहर शुरू हो रही है तो लोग भी लापरवाह हो गए हैं। शहर में भीड़ बढ़ती जा रही है। लोगों ने मास्क पहनना लगभग बंद कर दिया है। 


छह कोरोना संक्रमित मिले


कोरोना के मरीजों की संख्या में लगतार बढ़ोत्तरी होने लगी है। शनिवार को रुड़की से पांच और नारसन से एक मरीज संक्रमित मिला।


हर दिन बढ़ रही टीकाकरण की रफ्तार

तारीख   -   टीकाकरण

20 मार्च  -  2314

19 मार्च  -  1346

18 मार्च  -  937

17 मार्च   - 806

16 मार्च  -  788

15 मार्च  -  634

महाराज और उनकी पत्नी ने लगवाया कोविड का टीका

पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने कहा है कि कोरोना वैक्सीन को लेकर विपक्षी दलों की ओर से भ्रामक प्रचार करने से लोगों में भय की स्थिति थी, लेकिन अब कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लोगों में वैक्सीन लगवाने के लिए भारी उत्साह है।


शनिवार को सतपाल महाराज और उनकी पत्नी पूर्व मंत्री अमृता रावत ने सीएमआई अस्पताल में कोविड वैक्सीन की पहली डोज लगाई। इस मौके पर महाराज ने कहा कि कोरोना वैक्सीन को लेकर पूर्व में भ्रामक प्रचार के चलते लोगों में भय की स्थिति थी, लेकिन जब प्रधानमंत्री मोदी ने स्वयं एम्स जाकर टीका लगवाया तो उसके बाद से लोगों में टीका लगवाने के लिए जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है।


देश में जब टीकाकरण अभियान की शुरुआत हुई थी। तब विपक्षी दलों ने सवाल उठाया था कि पीएम खुद वैक्सीन क्यों नहीं लगवा रहे हैं। मोदी ने अपनी बारी आने का इंतजार किया और फिर टीका लगवाया। निजी अस्पतालों में वैक्सीन के एक डोज की कीमत केंद्र सरकार ने अधिकतम 250 रुपये तय की है। जबकि सरकारी अस्पतालों में वैक्सीन पहले की तरह फ्री रहेगी।


सीएमआई अस्पताल के निदेशक डॉ. आरके जैन, डॉ. महेश कुड़ियाल, सीएमएस डॉ. अजीत गैरोला की देखरेख में उन्हें कोरोना टीके की डोज लगवाई। बता दें कि प्रदेश में जब कोरोना संक्रमण चरम पर था। उस समय महाराज समेत उनका पूरा परिवार कोरोना संक्रमण की चपेट में आया था। एम्स ऋषिकेश में उपचार के बाद परिवार के सभी लोग स्वस्थ हैं। 


नकली नोट बनाने के आरोपी कोरोना पॉजिटिव


हरिद्वार जिले के लक्सर के नकली नोट बनाने वाले दोनों आरोपियों की कोरोना जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके अलावा एक दरोगा, पांच सिपाही और दो होमगार्ड को ऐहतियातन क्वारंटीन किया गया है। दोनों आरोपियों को हरिद्वार के अस्पताल में आइसोलेट किया गया है। वहीं, कोतवाली में पुलिसकर्मियों में हड़कंप मचा हुआ है।

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