शनिवार, अक्टूबर 24, 2026
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ऋषिकेश: एम्स में ऑक्सीजन का प्रेशर कम होने से मची अफरा-तफरी, 50 मरीजों को दूसरे अस्पतालों में किया शिफ्ट 

ऋषिकेश एम्स
ऋषिकेश एम्स

 अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ऋषिकेश में उस वक्त अफरातफरी का महौल बन गया, जब ऑक्सीजन बेड में सप्लाई के दौरान तकनीकी समस्या पैदा हो गई। आनन-फानन तकनीशियनों द्वारा जांच की गई तो पता चला की सप्लाई के दौरान प्रेशर की समस्या उत्पन्न हो गई है। एक साथ 640 बेड में ऑक्सीजन की फुल सप्लाई के दौरान प्रेशर की समस्या उत्पन्न हुई। इसके बाद करीब 50 मरीजों को दूसरे अस्पतालों में शिफ्ट किया गया। इस बीच अफवाह फैल गई की एम्स में ऑकसीजन खत्म हो गई है। जिससे भय का माहौल उत्पन्न हो गया। लेकिन एम्स प्रशासन की ओर से कुछ ही देर में स्पष्ट कर दिया गया कि संस्थान में ऑक्सीजन की कोई दिक्कत नहीं है। 

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एम्स ऋषिकेश में आमतौर पर कोरोना संक्रमित गंभीर मरीजों को लिया जाता है। इसके अलावा बिना लक्षण वाले या कम सीरियस मरीजों को कोविड सेंटर में शिफ्ट कर दिया जाता है। बुधवार दोपहर एम्स में ऑक्सीजन खत्म होने की खबर तेजी से फैल गई। अस्पताल में भर्ती गंभीर मरीजों के परिजनों के फोन घनघनाने लगे। यह सूचना सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गई। इससे चारों तरफ अफरातफरी का महौल पैदा हो गया। लोग एक-दूसरे को फोन कर जानकारी जुटाने लगे। स्थितियां बिगड़ती देख एम्स प्रशासन ने आगे आकर स्थिति स्पष्ट की। 

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संस्थान के वरिष्ठ जन संपर्क अधिकारी हरीश मोहन थपलियाल ने बताया कि संस्थान में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। उनके पास 30 हजार लीटर क्षमता का ऑक्सीजन स्टोर है। बुधवार को ऑक्सीजन सप्लाई में कुछ तकनीकी दिक्कत आ गई थी। एक साथ 640 बेड पर सप्लाई होने से लाइन में प्रेशर कम हो गया। इससे कुछ गंभीर मरीजों को परेशानी होने लगी। लेकिन वक्त रहते इस समस्या का पता लगा लिया गया था। इसके बाद करीब 50 मरीजों को दूसरे अस्पतालों में शिफ्ट किया गया। कुछ मरीजों को ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मशीन के माध्यम से ऑक्सीजन दी गई। उन्होंने बताया कि अगले पांच से छह दिन में वाल्ब इत्यादि चेंज कर इस समस्या का समाधान कर दिया जाएगा। 

विस अध्यक्ष ने एम्स निदेशक से फोन पर ली जानकारी 

एम्स ऋषिकेश में ऑक्सीजन किल्लत की समस्या को लेकर उठी अफवाहों का संज्ञान लेते हुए विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने निदेशक प्रो. रविकांत एवं एम्स प्रशासन से दूरभाष पर वार्ता कर इस संबंध में जानकारी ली।

निदेशक ने बताया कि एम्स ऋषिकेश में ऑक्सीजन की कोई किल्लत नहीं है, केवल ऑक्सीजन के दबाव में कुछ दिक्कत आ रही है। निदेशक ने बताया कि इस समस्या का जल्द ही निदान कर दिया जाएगा। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने एम्स प्रशासन से कहा कि जो भी मरीज एम्स ऋषिकेश में उपचार करा रहे हैं, उनका पूरा ख्याल रखा जाए। साथ ही मरीज को किसी भी प्रकार की समस्या न हो। विधानसभा अध्यक्ष ने सभी से अपील की कि इस घड़ी में किसी को भी पैनिक होने की आवश्यकता नहीं है। मरीजों को पूर्ण रूप से इलाज दिया जा रहा है। सभी लोग धैर्य रखें एवं अफवाहों पर ध्यान ना दें।

देहरादून प्रशासन ने अधिग्रहित किए कुछ बेड

देहरादून के जिलाधिकारी आशीष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि कोरोना संक्रमण के बढते प्रकोप को देखते हुए प्रशासन ने विभूति सुपर स्पेशिलिटी हॉस्पिटल में आठ आईसीयू बेड, एक वेंटिलेटर, 15 ऑक्सीजन सपोर्ट बेड और सिटी हार्ट सेंटर में सात आईसीयू, दो वेंटिलेटर, व 12 ऑक्सीजन सपोर्ट बेड को डीसीएचसी के रूप में अधिग्रहित किया है।

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Editorial Team

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