Corona in Uttarakhand: 24 घंटे में 53 नए संक्रमित मिले, दो दिन बाद एक मरीज की हुई मौत सार

कोरोना की जांच
कोरोना की जांच

 उत्तराखंड में दो दिन के बाद एक कोरोना मरीज की मौत हुई है। बीते 24 घंटे के भीतर छह जिलों में 53 नए संक्रमित मामले मिले हैं। बागेश्वर जिले में 24 दिनों के बाद एक संक्रमित मामला मिला है। कुल संक्रमितों की संख्या 96890 हो गई है। वर्तमान में 364 सक्रिय मरीजों का इलाज चल रहा है। 



शुक्रवार को प्रदेश में 10191 सैंपलों की जांच में कोरोना संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है। देहरादून जिले में सबसे अधिक 30 कोरोना मरीज मिले हैं। हरिद्वार व नैनीताल में आठ-आठ, ऊधमसिंह नगर में पांच, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिले में एक-एक संक्रमित मिला है।



बागेश्वर जिले में 24 दिनों के बाद एक संक्रमित मरीज मिला है। इससे बागेश्वर कोरोना मुक्त जिला होने की दौड़ से बाहर हो गया है। केंद्र की कोविड गाइडलाइनों के अनुसार 28 दिन तक कोई भी संक्रमित मामला नहीं मिलने पर जिले को कोरोना मुक्त घोषित किया जाता है। 


प्रदेश में एक कोरोना मरीज की मौत हुई है। इसमें मैक्स हॉस्पिटल में 79 वर्षीय मरीज ने दमतोड़ा है। अब तक 1691 मरीजों की मौत हो चुकी है। वहीं, 38 मरीजों को ठीक होने के बाद घर भेजा गया है। इन्हें मिलाकर 93438 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। वर्तमान में प्रदेश की रिकवरी दर 96.44 प्रतिशत दर्ज की गई है।

अभी टला नहीं कोरोना संक्रमण का खतरा

उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण काबू में है, लेकिन कई राज्यों में संक्रमण की दूसरी लहर को देखते हुए लापरवाही पर सरकार सख्त है। संक्रमण की रोकथाम के लिए सरकार अब प्रयोग में लाए गए मास्क को खुले स्थान पर फेंकने पर पांच सौ रुपये का जुर्माना तय कर दिया है। इससे पहले सरकार ने मास्क न पहनने पर 100 से लेकर 500 रुपये तक जुर्माना निर्धारित किया था। 


प्रदेश में कोरोना को बचाव के लिए सरकार ने सैंपल जांच बढ़ाने के साथ ही लापरवाह लोगों के खिलाफ सख्ती भी दिखाई है। वर्तमान में प्रदेश में प्रतिदिन सौ से कम संक्रमित मामले सामने आ रहे हैं। अब तक संक्रमितों का आंकड़ा 96 हजार से अधिक पहुंच गया है। हालांकि इसमें 93 हजार से संक्रमित मरीज कोरोना को मात दे चुके हैं। 


सचिव स्वास्थ्य अमित सिंह नेगी ने कहा कि कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए लापरवाही पर सख्ती भी की जा रही है। कई बार लोग इस्तेमाल किए गए मास्क को खुले में फेंक रहे हैं। इससे संक्रमण फैलने का खतरा रहता है। कोई भी यदि खुले में मास्क फेंकता है तो उस पर 500 रुपये जुर्माना किया जाएगा। वहीं, सार्वजनिक स्थानों पर मास्क न पहनने पर पहली बार में 100 रुपये, दूसरी बार में 200 रुपये और तीसरी बार में 500 रुपये का जुर्माने का प्रावधान किया है।

कोरोना के नए स्ट्रेन के बाद हरिद्वार में जांच में आई तेजी 

देश के कुछ राज्यों में कोरोना के नए स्ट्रेन के आने के बाद हरिद्वार में कोरोना की एंटीजन जांच तेज हो गई है। रेलवे स्टेशन से लेकर बस अड्डे, हरकी पैड़ी, मेला नियंत्रण कक्ष के बाहर कोरोना की एंटीजन जांच की जा रही है। 


माघ पूर्णिमा के स्नान को लेकर देश के अलग-अलग राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए कोरोना की जांच शुरू कराई गई है। रेलवे स्टेशन पर लगे जांच शिविर में ट्रेनों से आने वाले यात्रियों की जांच की जा रही है।


बस अड्डे पर भी एक जांच शिविर लगाया गया। इसके साथ ही एक हरकी पैड़ी पर भी आने वाले श्रद्धालुओं की जांच की जा रही है। यहां पर भी कई जांच केंद्र बनाए गए हैं। मेला नियंत्रण भवन के बाहर भी एक जांच केंद्र बनाया गया है। 


बॉर्डर पर भी होती रही रैंडम चेकिंग 

जिले के सभी बॉर्डर नारसन, भगवानपुर, नजीबाबाद पर स्वास्थ्य विभाग की टीमें शुक्रवार को तैनात कर दी गई थी। यह टीमें हरिद्वार आने वाले लोगों की कोरोना की रैंडम जांच की गई। 


Source

Previous Post Next Post